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आधा तेरा आधा मेरा इक दिल बना मेरी तुम होगम हो गए सोचा की ये ये क्या हुआ मेरी तुम हो

आधा तेरा आधा मेरा इक दिल बना मेरी तुम हो गम हो गए सोचा की ये ये क्या हुआ मेरी तुम हो उम्मींद जिसे ना थी वो आसरा है बनी मंजिल जो मेरी ना थी वो जुस्तजू हो चली किस्सा था क्या क्या हो गया ओ… ओ… मेरी तुम हो कोई नगमा सा गूंजे फिज़ा में जैसे गूंजे खिले हो खिज़ा में हुई जैसे पूरी कोई तरह आरजू चलो चलके तो देखें दो पल कहे आज हंसी अपना कल कभी हुआ नहीं हुआ नहीं प्यार यूँ पल सा कोई बंधने लगा रिश्ता हुआ, मेरी तुम हो दिल से मेरी दिल तक तेरे रास्ता हुआ मेरी तुम हो उम्मींद जिसे ना थी वो आसरा है बनी मंजिल जो मेरी ना थी वो जुस्तजू हो चली

किस्सा था क्या क्या हो गया ओ… ओ… मेरी तुम हो

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Ayushi

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